Gurugram: 54 असुरक्षित इमारतों को तोड़ेगा निगम, मानवाधिकार आयोग ने मांगी Action Report
निगम को 20 मई को राज्य मानव अधिकार आयोग को इसकी एक्शन टेकर रिपोर्ट सौंपनी है। अब निगम अधिकारियों ने इस मामले को लेकर बैठक करके नोटिस देने और तोड़ने का फैसला लिया है। हालांकि निगम अधिकारी इस मामले में खुलकर कुछ भी नहीं बोल रहे हैं।

Gurugram News Network – मिलेनियम सिटी की 54 असुरक्षित इमारतों को तोड़ा जाएगा। निगम अधिकारियों ने तैयारी शुरू कर दी है । निगम की तरफ से अगले सप्ताह ही इनको अंतिम नोटिस जारी किया जाएगा। समें या तो भवन मालिक इन कंडम इमारतों को अपने आप तोड़े देंगे या फिर नगर निगम द्वारा तोड़े जाने कहा गया है।
निगम को 20 मई को राज्य मानव अधिकार आयोग को इसकी एक्शन टेकर रिपोर्ट सौंपनी है। अब निगम अधिकारियों ने इस मामले को लेकर बैठक करके नोटिस देने और तोड़ने का फैसला लिया है। हालांकि निगम अधिकारी इस मामले में खुलकर कुछ भी नहीं बोल रहे हैं।
हरियाणा मानवाधिकार आयोग ने गुरुग्राम नगर निगम की निष्क्रियता पर सख्त नाराजगी जताई। 54 इमारतों को खतरनाक घोषित किया गया है, लेकिन नगर निगम ने इन पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की है। आयोग ने नगर निगम आयुक्त और मुख्य अभियंता को अगली सुनवाई में व्यक्तिगत रूप से पेश होकर जवाब देने का निर्देश दिया है।
10 फरवरी 2022 को गुरुग्राम की चिंटल पैराडाइसो सोसायटी की बहुमंजिला इमारत का एक हिस्सा गिरने से दो महिलाओं की मौत हो गई थी। इस हादसे में एक व्यक्ति घायल भी हुआ। इस घटना के बाद मामले की जांच केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो को सौंपी गई थी। अब तक दो चार्जशीट दायर की जा चुकी हैं, जिसमें 11 लोगों को आरोपी बनाया गया है।
आयोग को सौंपी गई रिपोर्ट के अनुसार, 183 खतरनाक इमारतों की पहचान की गई थी, जिनमें से 152 इमारतों का निरीक्षण किया गया। इनमें से 80 इमारतें खतरनाक पाई गई थीं, लेकिन हाल की रिपोर्ट में यह संख्या घटकर 54 हो गई है। 15 इमारतों का अब तक निरीक्षण नहीं किया गया है। यह दर्शाता है कि नगर निगम इस गंभीर मुद्दे को गंभीरता से नहीं ले रहा है।
मानवाधिकार आयोग के डॉ. पुनीत अरोड़ा ने बताया, नगर निगम को चेतावनी दी है कि यदि इस मुद्दे पर जल्द कार्रवाई नहीं की गई, तो इसे सार्वजनिक सुरक्षा से समझौता करने के रूप में देखा जाएगा। अगली सुनवाई 20 मई को होगी। इसमें गुरुग्राम नगर निगम के आयुक्त और मुख्य अभियंता को व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होने के आदेश दिए हैं।












